October 28, 2026

जमीन विवाद : फूफा ने कुल्हाड़ी से भतीजे की कर दी हत्या

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जामबहार में जमीन विवाद गहराया

फूफा ने आक्रोश में आकर संतोष प्रधान पर कुल्हाड़ी से वार किया

जशपुर। के तपकरा थाना क्षेत्र के जामबहार गांव में जमीन बंटवारे को लेकर हुए विवाद में एक फूफा ने अपने भतीजे की कुल्हाड़ी से वार कर हत्या कर दी। थाना पुलिस ने आरोपी मनबोध मांझी (60) को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है। मृतक की पहचान संतोष प्रधान (30) के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार, मृतक संतोष प्रधान की पत्नी सुमित्रा प्रधान ने थाना तपकरा में रिपोर्ट दर्ज कराई कि 24 अक्टूबर 2026 की शाम उसका पति संतोष बाजार से लौटा था। इसके बाद वह अपने दादा से बातचीत कर मनबोध के घर जाने और उसे ‘बताने’ की बात कहकर रात करीब 8 बजे घर से निकला। सुमित्रा ने बताया कि मनबोध उसके घर के पास ही रहता है और जमीन बंटवारे को लेकर संतोष से अक्सर विवाद होता था। घटना की रात जब सुमित्रा को मनबोध के घर की ओर से लड़ाई-झगड़े की आवाज सुनाई दी, तो वह तत्काल वहां पहुंची। उसने देखा कि आंगन में उसका पति संतोष मृत पड़ा था। उसके सिर और गर्दन पर कुल्हाड़ी से गंभीर चोटें थीं और काफी खून फैला था। वहीं, आरोप लगाने वाला मनबोध पास में कुल्हाड़ी रखकर बैठा था। सुमित्रा की रिपोर्ट पर थाना तपकरा में अपराध क्रमांक 101/2026, धारा 103(1) भारतीय न्याय संहिता (BNS) के तहत प्रकरण दर्ज कर विवेचना शुरू की गई। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मनबोध मांझी को हिरासत में लिया।

पूछताछ में मनबोध ने बताया कि वह लगभग 20 वर्षों से अपने ससुराल जामबहार में घर जमाई के रूप में रह रहा है। 24 अक्टूबर की रात संतोष उसके घर पहुंचा और जमीन को लेकर गाली-गलौज करने लगा। गुस्से में आकर उसने घर में रखी कुल्हाड़ी से संतोष के सिर और गर्दन पर वार कर दिया, जिससे उसकी मृत्यु हो गई। पुलिस ने हत्या में प्रयुक्त कुल्हाड़ी भी जब्त कर ली है। आरोपी अपराध स्वीकार करने और पर्याप्त सबूत मिलने पर गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है। इस कार्रवाई में थाना प्रभारी त्रिलोक प्रधान सहित अन्य पुलिसकर्मियों की भूमिका सराहनीय रही।

जमीन विवाद और आपराधिक मामले

जमीन संबंधी विवाद अक्सर गंभीर अपराधों का कारण बनते हैं। संपत्ति के बंटवारे या अतिक्रमण को लेकर हुए झगड़े कई बार हिंसा का रूप ले लेते हैं। ऐसे विवादों को समय रहते कानूनी प्रक्रिया से सुलझाना महत्त्वपूर्ण है। स्थानीय प्रशासन और पुलिस को भी ऐसे मामलों पर विशेष ध्यान देना चाहिए ताकि छोटे विवाद बड़े आपराधिक घटनाओं में न बदलें। जागरूकता और कानूनी सलाह से कई अप्रिय घटनाओं को टाला जा सकता है।

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